Friday, 11 September 2015

बिड़ला  परिवार भारत के श्रेष्ठतम धार्मिक परिवारों में रहा है !संपूर्ण भारत बर्ष के प्रमुख तीर्थ स्थानो में बिड़ला ने भव्य मंदिर ओरतीर्थ यात्रियों के लिए निशुल्क निवासों का निर्माण भी कराया है घनश्याम दस् बिड़ला जमुना लाल बजाज और जे आर डी टाटा गुलाम भारत में उद्द्योग पति होते हुए भी गांधी जी के सभी रचनात्मक कार्यों में सहयोगी रहे !जमना लाल बजाज तो गांधी जी का अपने आप को पांचवा पुत्र कहते थे !उन्होंने तो स्वतंत्रता आंदोलन  में सक्रिय भाग भी लिया  और जेल यात्राएं भी की !बे गांधी जी के अत्यंत आज्ञाकारी पुत्र थे !गांधी जी का सेवाग्राम उन्ही के द्वारा दी गयी जमीन पर बना है !गांधी जी जब १९३६ में उस आश्रम में रहने आये !तो इसके पहले उन्होंने जमनालाल बजाज को पात्र लिख कर कहा था !की मेरे लिए जो कुटी बनायी जाय उसका खर्च १०० रूपए से अधिक नहीं होना चाहिए !तथा उसमे किसी भी विदेशी सामान का उपयोग नहीं होना चाहिए !जमना लाल बजाज ने अपनी जमीदारी की बहुत अधिक कृषि भूमि भी गांधी आश्रम को दान में दी !और जो परमधाम आश्रम जहाँ आचार्य विनोबा भावे अंतिम समय तक रहे वह bhum भी जानकीदेवी बजाज ने दी हैं !बे विनोबा जी की परम भक्त जीवन पर्यन्त बानी रही !वर्धा जिले में जितनी भी गांधी जी की रचनात्मक संस्थाएं सैकड़ों एकड़ जमीन में फैली हुई हैं !बे सब बजाज परिवार के द्वारा ही दी गयी हैं !गीता और गाय के लिए अनुदान और प्रत्येक बर्ष जमना लाल बजाज शांति पुरुष्कार किसी श्रेष्ठ गांधी वादी को बजाज फाउंडेशन दवरा प्रदान किया जाता है !घनश्याम दस बिड़ला गांधी जी के परम अनुयायी थे !गांधी जी और बिड़ला के पत्राचारों में घनश्याम दास बिड़ला की गांधी जी के रचनात्मक कार्यों के प्रति भक्ति प्रगट होती है !बिड़ला जी ने एक बार गांधी जी को अपनी समस्त संपत्ति देश हित के कार्यों के लिए देने की पेश कश की थी !किन्तु गांधी जी ने कहा था कि देश को तम्हारी संपत्ति की नहीं तुम्हारे दिमाग की आवश्यकता है !गो सेवक संघ के बिड़ला जी प्रथम अध्यक्छ थे !बे जीवन भर सादगी और संयम का जीवन जीते रहे !बे नित्य १० मील लौटा बाट घूमते थे !उन्होंने अपनी बसीयत में लिखा था की जहां उनकी मृत्यु हो उनका अंतिम संस्कार वहीं कर दिया जाय !राजा बलदेवदास बिड़लाभी बहुत दान करते थे !बिड़ला परिवार ने उद्द्योग्पति के रूप में और घनश्याम दास बिड़ला ने देश के रचनात्मक कार्योँ में अभूत पूर्व योगदान दिया !और सनातन वैदिक धर्म को भी संरक्छित किया गांधी जी कि मृत्यु भी बिड़ला भवन परिषर् में ही हुई थी !जिसे बिड़ला परिवार ने देश को अर्पित कर दिया है !बे   गांधी जी कि आज्ञा पालन के लिए तत्पर रहते थे !

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