Friday, 1 July 2016

आज मेरे जीवन के ७६ साल पुरे हो गए !यद्द्पि मेरा जन्म दिन १६ जुलाई को पड़ताहै !किन्तु स्कूल में दाखिले के समय १ तारीख लिखा दी गयी !इसीलिए यही मेरा जन्म दिन हो गया है !विज्ञानं ने फेस बुक की रचना कर मित्रता का ऐसा स्वरुप निर्मित कर दिया है !कि  हम एक दूसरे को ना जानते हुए भी मित्र हो गए हैं !में अपने फेस बुक मित्रों के साथ कुछ अपने बारे में जानकारी साझा करना चाहता हूँ !मै एक अत्यन्त साधारण व्यक्ति हूँ !अब में उम्र के उस पड़ाव पर हूँ जहाँ मेरी  संसार  से मान सम्मान ,पद ,प्रतिष्ठा आदि की सारी आशाएं और  चाहतें समाप्त हो गयी है ! इस समय में मेरे तीन पेजेज गांधी  द चेरिजमा,गीता ह्यूमन स्पिरिट और गीता दी ह्यूमन स्पिरिट ब्लॉग हैं !इन पर में अपने विचार पोस्ट करता रहता हूँ!जो विचार में इंग्लिश में पोस्ट करता हूँ बे भारत के बाहर अमेरिका ,लंदन   जर्मनी ,फ्रांस अदि देशों में भी पसंद किये जाते हैं 1पकिस्तान बांग्लादेश अदि देशों से भी प्रतिक्रियें आती हैं !में किसी भी राजनैतिक दल क सदस्य नहीं हूँ !सामयिक विषयों पर मेरे विचार मीडिया में प्रसारित समाचारों के आधार पर होते हैं !इसीलिए प्रकाशित समाचारों के आधार पर बे गलत या सही हो सकते हैं !मेरे दिल दिमाग में सिर्फ सत्य और अहिंसा के प्रति आग्रह है !१९७५ तक में राजनीति में सक्रिय था !छात्र जीवन से ही में जयप्रकाश नारायण और लोहिया से प्रभावित था !इसीलिए जब जयप्रकाश नरायन ने आंदोलन प्रारम्भ किया तो में उस समय शहर कांग्रेस में महा मंत्री था उस से मेने त्याग पत्र दे दिया और आंदोलन में सम्मिलित हो गया !जय प्रकाश नारायण के आंदोलन के समर्थन में जो जन संघर्ष समिति बनी थी उसका में जिलाध्यक्छ था !इसिलए २५ जून १९७५ में जब  आपातकाल घोसित हुआ ! तब में भी गिरफ्तार हुआ और 
 लम्बे समय जेल में रहा !जेलमें ही मेने गांधीजी और गीता ,महाभारत का गम्भीर अध्यन किया ! फरबरी १९७७ में जनता पार्टी की सरकार ने मेरे विरुद्ध मुकदद्मा वापिस लेकर मुझे दोष मुक्त कर दिया !मेरे जीवन में अब तक यही एक राजद्रोह का झूठा मुकदमा दर्ज हुआ !और इस,में मुझे बहुत लबे समय तक जेल में रहना पड़ा था !समाजवादी सरकार ने उन सभी लोगों को लोक तंत्र सेनानी घोसित किया है जो आपात काल में लोकतंत्र बहाली  के लिए जेल में बंद रहे थे!   !जिले में लोकतंत्र सेनानियों की जो समिति है उसका में अध्यक्छ हूँ !इस समय में गांधी विचार की संस्थाओं सेजुड़ा हुआ हूँ ! तथा महाभारत और गीता मेरे प्रेरणा श्रोत और मार्ग दर्शक हैं !में सभी फेस बुक मित्रों का हार्दिक आभार प्रगट करता हूँ जिन्होंने मुझे जन्म दिन की बधाई देकर मेरा उत्साह वर्धन किया है !

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